एक छोटी- सी चींटी आपके पैर को काट सकती है, लेकिन आप उस के पैर को नहीं काट सकते हैं. इसलिए ज़िन्दगी में किसी को छोटा न समझें, क्योंकि वह जो कुछ कर सकता है, शायद आप न कर पायें.
सुविचार 854
दूसरों को सुनाने के लिए अपनी आवाज ऊंची मत करिए, बल्कि अपना व्यक्तित्व इतना ऊँचा बनाएं कि आपको सुनने की लोग मिन्नत करें.
सुविचार 853
जो विवेक के नियमों को तो सीख लेता है, परन्तु जीवन में उन्हें नहीं उतारता, वह ऐसे आदमी की तरह है जिस ने अपने खेतों में मेहनत की मगर बीज नहीं डाला.
सुविचार 852
जो मजाक किसी को दुख पहुंचाये वो मजाक नहीं, बल्कि किसी को चोट पहुंचाने का एक आसान तरीका है,
इससे बुरा कुछ नहीं.
मस्त विचार – सादगी होनी चाहिये – 783
सुंदरता हो न हो, सादगी होनी चाहिये.
_ खुशबू हो न हो, महक होनी चाहिये.
_ रिश्ता हो न हो, बंदगी होनी चाहिये.
_ मुलाकात हो न हो, बात होनी चाहिये.
_ यु तो हर कोई उलझा है अपनी उलझनों मे
_ सुलझन हो न हो सुलझाने कि कोशिश होनी चाहिये.
खुशनसीब हैं वो जो दिल में किसी को जगह देते हैं.
बैचेनी सहकर भी दूसरों को हँसना सीखा देते हैं.
दुनिया वाले लाख चाहे बदनाम उन्हें कर लें,
मगर वो सादगी से हर दिल में जगह बना लेते हैं.!!
सुविचार 851
किसी अच्छे काम की शुरुआत के लिए कोई भी वक़्त बुरा नहीं होता.
सुविचार 850
कभी भी कामयाबी को दिमाग में और नाकामी को दिल में जगह नहीं देनी चाहिए, क्योंकि कामयाबी दिमाग में घमण्ड और नाकामी दिल में मायूसी पैदा करती है.
मस्त विचार 782
मैं मानता हूं पैसे से सबकुछ खरीदा नहीं जा सकता
_ परंतु गरीबी से तो कुछ भी खरीदा नहीं जा सकता..!!!
परंतु उस के अवगुण भी दूसरों को सदगुण लगते हैं, जब कि गरीबी मनुष्य से उस के सदगुणों को भी छीन लेती है.
संपन्नता मनुष्य में बहुत सारे गुणअवगुण भर देती है,
सुविचार 849
समय के साथ स्वयं को ढालने में यदि हम सफल हो जाते हैं तो हम हर परिस्थिति को आसानी से स्वीकार कर उसका सामना कर सकते हैं. वहीँ इसके ठीक विपरीत यदि हम स्वयं को समयानुसार नहीं ढालते, तो हम अपने विकास के द्वार को खुद बंद कर देते हैं.
सुविचार 848
शारीरिक स्थिति एवं मानसिक स्थिति एक दूसरे पर आश्रित है. यदि एक ठीक ना हो तो वह दूसरे पर भी बहुत गहरा प्रभाव डालती है. इसलिए दोनों का अच्छा होना एवं स्वस्थ होना अत्यंत महत्वपूर्ण है. इनका संतुलन अनिवार्य है. हमारे लछ्य की पूर्ति भी हमारे शरीर की दशा एवं हमारी मनःस्थिति पर निर्भर करती है.





