जिस से आप मिलें उस पर अपनी छाप छोड़ने का प्रयास करें.
ख़ूबसूरत लोग हमेशा तारीफ़ करना जानते हैं.
_ ख़ुश लोग दूसरों की ख़ुशी में दिल से ख़ुश होते हैं.
_ कई ज़बानें बोलने वाले आपके लहजे का मज़ाक़ नहीं उड़ाते.
_ पढ़े-लिखे लोग अपना इल्म बाँटते हैं.
_ और आत्मविश्वासी लोग दूसरों को आगे बढ़ने की हौसला-अफ़ज़ाई करते हैं.
लेकिन…
_ जो लोग अंदर से ख़ाली होते हैं,
_ जिनकी अपनी कोई शख़्सियत नहीं होती
_ वही अक्सर दूसरों को नीचा दिखाने,
_ तकलीफ़ पहुँचाने, बदनाम करने
_ और ज़लील करने में अपनी “बड़ाई” तलाशते हैं.
– जिसके अंदर रोशनी होती है,
वह दूसरों के चराग़ बुझाने की कोशिश नहीं करता.!!





