सुविचार 4259
बहुत कठिन काम है ” अकेले चलना ” पर जानते हैं, यही आपको सबसे मजबूत भी बनाता है.
_ दुनिया की पंचायती से दूर होकर अपने लछ्य पर ध्यान दीजिए..
_ ये काम करने से मेरे जीवन में क्या बदलाव आएगा,
_ क्या यह काम मेरे लछ्य को हासिल करने में मददगार साबित हो सकता है.!!
_ सवाल है कि सलीके से कौन चलता है..!!
इन्हीं के कारण आई है लोगों में गिरावट..
इंसान जैसा रास्ता बनाता है, उसे वैसी ही मंजिल मिलती है.
क्योंकि कबाड़ी के व्यापारी को हीरे की परख नहीं होती..
जैसे हमें उनकी काली करतूतों का पता ही नही..