सुविचार 3942
“अनुभूति के बाहर से आया ज्ञान, केवल सूचना मात्र है “
नम्रता सर्वश्रेष्ठ गुण है एवं मैत्री सर्वोत्कृष्ट संबंध है,*
_ जब वो ये स्वीकार करे कि उसके भीतर कोई गंदगी है.
_ कोई भी अपने आपको बदलने कि नहीं सोचता.
_जिसके बारे में आप नहीं जानते, बस कहानियाँ सुनी हैं.!!
सच्चा ज्ञान वही होता है जो जीवन में सहज़ता लाता हो “