सुविचार 3386
अपनी सभी छमताओं का सर्वोत्तम उपयोग करना ही समझदारी है.
अपनी सभी छमताओं का सर्वोत्तम उपयोग करना ही समझदारी है.
जैसे सुधार के लिए आलोचना से ज्यादा ‘समालोचना’ की जरूरत होती है !
_ तब हम अपने लछयों की प्राप्ति के लिए दिशा निर्धारित कर लेते हैं.
_ लोगों को बस मौका चाहिए होता है जलील करने का, ऐसी है जिंदगी.
एक स्वयं को देखती, _ एक देखती सृष्टि ।।