सुविचार 3123
*जब तक आप अपनी समस्याओ एवं कठिनाइयों की वजह दूसरों को मानते हैं,*
*तब तक आप अपनी समस्याओ एवं कठिनाइयो को मिटा नहीं सकते।*
*तब तक आप अपनी समस्याओ एवं कठिनाइयो को मिटा नहीं सकते।*
#जीवन_हमेशा__#संघर्षमय होता है.
इसलिए प्रेम मानवीय श्रेष्ठता की पराकाष्ठा है.
भला ह्रदय के संकेतों की उपेछा कौन कर सकता है.
क्योंकि दुनिया उसी को अपना आइडल बनाती है जो अपने खराब से खराब हालातों के बावजूद जीत कर दिखाता है.