सुविचार 2813

कहते हैं की कोई किसी का नहीं,

लेकिन कोई यह नहीं सोचता की हम किसके हुए.

सुविचार 2812

गलत तरीकों से सफल होने से कई गुना बेहतर है, _

_ सही तरीके अपनाकर असफ़ल हो जाना ..

सुविचार 2811

उठाना खुद ही पड़ता है थका टुटा बदन अपना,

की जब तक साँसे चलती है कन्धा कोई नहीं देता.

सुविचार 2810

ये भी अजीब मनोविज्ञान है के तकलीफों की भी आदमी को लत लग जाती है,

और तकलीफ ना हो तो, घबराहट शुरू हो जाती है.

कुछ लोग तकलीफें बनी रहे, इसका नियमित आयोजन करते हैं.
कुछ तकलीफें हमारे साथ जुड़े लोगों कि _पहचान करवाने आती हैं !

सुविचार 2809

इंसानियत हमेशा बरकरार रहनी चाहिए,

वो जीत दो कोड़ी की हो जाती है, जो इंसानियत हार के हासिल होती हो.

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