सुविचार 520

मनुष्यता तभी ऊँची उठती है, जब मनुष्य कड़वाहट सुन कर भी मीठी वाणी ही बोले. कड़वाहट का पान करे और मिठास का पान कराए, यही मानवता है.

सुविचार 519

​​”अपनी जिंदगी के किसी भी दिन को मत कोसना”​…!!!

“क्योंकि;”​ ​”अच्छा दिन खुशियाँ लाता है”​..!!!

“और बुरा दिन अनुभव;.”​..!!!

“एक सफल जिंदगी के लिए दोनों जरूरी होती है”​..!!

सुविचार 517

जीवन में समस्याएँ हैं तो उनका समाधान भी है, समाधान के लिए प्रयत्न करें, नहीं तो आप स्वयं ही समस्या बन कर रह जायेंगे.

सुविचार 516

प्रतिष्ठा का वस्त्र जीवन में कभी नहीं फटता, किन्तु वस्त्रों की बदौलत अर्जित प्रतिष्ठा जल्दी ही तार- तार हो जाती है.

सुविचार 515

जिस मनुष्य के अच्छे कर्म करने पर भी निन्दा होती है, वह बड़ा भाग्यवान है.
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