सुविचार 4835
नदी जब किनारा छोड़ देती है तो राह की चट्टान तक तोड़ देती है,
बात छोटी सी ही गर चुभ जाए दिल में तो जिंदगी के रास्ते मोड़ देती है.
बात छोटी सी ही गर चुभ जाए दिल में तो जिंदगी के रास्ते मोड़ देती है.
जो दूसरा करे, तो चुभते हैं, परन्तु स्वयं करें तो एहसास तक नहीं होता..
इसलिए सफर जारी रखिए..!!
इसके बीच में मैं जितना हो सके स्वयं को व्यस्त रखता हूं.”
यही परेशानीयों की खास वज़ह भी है “