मस्त विचार 2234

उम्र गुज़र जाती है क़िस्से रह जाते हैं,

_ पिछली रुत के बिछड़े साथी याद आते हैं..

कितनी बार हम मिले_कितनी बार..मिलकर बिछड़ गए..

_ मैंने हर बार _मिलने को याद रखा.._ आपने हर बार बिछड़ने को..!!

मस्त विचार 2233

सतरंज की चालों का खौफ उन्हें होता है, जो सियासत करते हैं,

हम तो तेरे यार हैं…..

न हार की फिकर करते हैं और न जीत का जिक्र करते हैं.

मस्त विचार 2231

कुछ हँस के बोल दिया करो,

कुछ हँस के टाल दिया करो,

यूँ तो बहुत परेशानियां है तुमको भी मुझको भी,

मगर कुछ फैंसले वक्त पे डाल दिया करो,

न जाने कल कोई हंसाने वाला मिले न मिले..

इसलिये आज ही हसरत निकाल लिया करो !!

हमेशा समझौता करना सीखिए..

क्योंकि थोड़ा सा झुक जाना किसी रिश्ते को

हमेशा के लिए तोड़ देने से बहुत बेहतर है ।।।

किसी के साथ हँसते-हँसते उतने ही हक से रूठना भी आना चाहिए !

अपनो की आँख का पानी धीरे से पोंछना आना चाहिए !

रिश्तेदारी और दोस्ती में कैसा मान अपमान ?

बस अपनों के दिल मे रहना आना चाहिए…!

मस्त विचार 2230

-बार बार रफू करता रहता हूँ, …जिन्दगी की जेब !!

कम्बखत फिर भी, निकल जाते हैं…,खुशियों के कुछ लम्हें !!

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