मस्त विचार 2057
नसीयत देता हूँ, इसका मतलब ये नहीं कि समझदार हूँ मैं,
बस मैंने गलतियां आपसे ज्यादा की हैं.
बस मैंने गलतियां आपसे ज्यादा की हैं.
वजन बातों का नहीं, जेब का होता है,
जो जेब हो भारी,तो रिश्ता गहरा होता है,
खाली जेब वाला, कोड़ियों में बिकता है.
कुछ इस तरह हमने जिंदगी संभाली है.
नहीं चाह इस दुनिया की, बस तुझ संग प्रीत लगाते हैं.
बस गए हो यू इस तरह इन नयनों में
जिधर देखो बस तुम ही तुम नज़र आते हो.
_ अक्सर इधर उधर की बातें दिल में बैठा लेता है…
दरार कभी बड़ी नहीं होती, भरने वाले हमेशा बड़े होते हैं.
सम्बन्ध कभी बड़े नहीं होते, निभाने वाले हमेशा बड़े होते हैं.