मस्त विचार 1797

जहाँ तक रास्ता दिख रहा है, वहां तक चलिये.

आगे का रास्ता वहां पहुँचने के बाद, दिखने लगेगा.

मस्त विचार 1796

कश्तिया उन्ही की डूबती है ..जिनके ईमान डगमगाते हैं !!

जिनके दिल में नेकी होती है ..उनके आगे मंजिले भी सर झुकाती है !!

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