मस्त विचार 1620
सिर्फ दो ही वक़्त पर आपका साथ चाहिए,
एक तो अभी और एक हमेशा के लिए..।..
एक तो अभी और एक हमेशा के लिए..।..
लेकिन दूसरों पर निर्भर नहीं करती.
अब ये शिकायतें है कि किनारा नहीं मिला.
मैने सर झुकाया कम…….. तेरे एहसान बहुत हैं.
नादानीयाँ करते हैं हम, संवारता है वो…..
भूल जाते हैं हम उसे…….मगर याद हमे रखता है वो,….
वक्त नहीं कहके, टालते हैं हम…..मगर खुशीयां बरसाता है वो….
क्या कहूँ मेरे यार के बारे में….
सब कुछ देख कर भी सबको…….अपनी आशीष से नवाजता है वो…
मज़ा तो तब है, वक़्त बदल जाए पर इंसान न बदले.