मस्त विचार 613
आनन्दित व्यक्ति वही है, जो सामन्य रूप से जीता है और यह नहीं कहता कि – चीजें इस तरह से होनी चाहिए. जो यह जानता है कि पूर्ण रूप से सजग होकर कैसे जीया जाये, फिर जो भी घटता है, वह आनन्दित रहता है.
…..तो आपको कोई दुःखी कर नहीं सकता.
अगर आपको जीने का सही तरीका आ जाए,
दुख की थोड़ी सी सलवट है, सुख के कुछ फूल सुहाने हैं. क्यों सोचे आगे क्या होगा, अब कल के कौन ठिकाने हैं. ऊपर बैठा वो बाजीगर , जाने क्या मन में ठाने है. चाहे जितना भी जतन करे, भरने का दामन तारों से, झोली में वो ही आएँगे, जो तेरे नाम के दाने है..!
इस जीवन की चादर में, सांसों के ताने बाने हैं.
जैसे- जैसे जीवन बढ़ता है, अपने अन्दर निखार लाना चाहिए.