मस्त विचार 426
एक ज़ख्म नहीं भरता, दूसरा आने की ज़िद करता है.
एक ज़ख्म नहीं भरता, दूसरा आने की ज़िद करता है.
बुरे लोग ही खुद को हर घडी अच्छा दिखाते हैं…!!
अब जीऊंगा सिर्फ उन के लिए …जिनके लिए मैं सब कुछ हुँ ..!
जिसके साथ हम अपना सबकुछ बांट लेना चाहते हैं….
सिर्फ सिमटी हुई यादो का सिलसिला होगा,
जो लम्हे है चलो हंस कर बिता लें,
जाने कल ज़िन्दगी का क्या फैसला होगा.
मैं प्यारा जरुर हुं…,फिजूल नहीं…!!!
हर लम्हा तूने जीने का, नया अनुभव जो दिया है !!
जिसने छिपकर पूरा जीवन मोतियों को दे दिया.
और ये मोती अपनी तारीफ पर इतराते रहे उम्र भर”
लेकिन मै उनके लिए “बेहतरीन” हूँ जो मुझे समझते हैं…