मस्त विचार 484

कुछ हम थे तबीयत के सादे, कुछ लोग बेगाने लुट गऐ..

कुछ अपनो ने बदनाम किया, कुछ बन अफसाने झूठ गऐ..

कुछ अपनी शिकस्ता नाव थी, कुछ हमसे किनारे छुट गऐ..!

सुविचार 493

बिना निराश हुए पराजय सह लेना पृथ्वी पर साहस की सबसे बडी परीक्षा है.

सुविचार 492

ज्ञान दो प्रकार का होता है, किसी विषय को हम स्वयं जानते हैं या यह जानते हैं कि उस विषय पर जानकारी कहाँ से मिल सकती है. 

सुविचार 491

अगर नई और पुरानी पीढ़ी एक दूसरे कि भावना को समझ कर परस्पर सामंजस्य बिठाये तो जटिल परिस्थितियां कभी उत्पन्न ही नहीं होंगी, यदि दोनों थोडा- थोडा झुक जाएँ तो खुशियों का वृत्त अपने आप ही पूरा हो जायेगा.

मस्त विचार 483

गर्दिशे वक़्त जब भी आता है, अपना साया भी रूठ जाता है.

ऐसी हालत में मदद को मेरी, देखना है अब कौन आता है.

सुविचार 490

 किसी ने सही कहा है, ‘अति घनिष्ठता घातक है’, यदि थोड़ी सी दूरी और एकदूसरे को स्पेस दिया जाए तो न दोस्ती टूटेगी न ही रिश्तों का जुड़ाव काम होगा.

सुविचार 488

 गुण स्वयं सामने आ जाते हैं क्यों कि कस्तूरी को अपनी उपस्थिति प्रमाणित नहीं करनी होती है.
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