मस्त विचार 4872
_ कभी वक़्त मिले तो हमसे भी मुलाकात करना..
_ कभी वक़्त मिले तो हमसे भी मुलाकात करना..
” जो कहा गया है उसकी जांच करें, न कि कौन बोल रहा है “
_ बहुत मेहनत करनी पड़ती है _ किसी की जिंदगी का हिस्सा बनने के लिए !!
_ ऐसी दुखद बात को मै बयां कैसे करूं,,,,,
_ जिसने राहों से जंग जीती, अक्सर वहीं सुबह में सूर्य बनकर निकलता है.
_ जो बात करे,,खुशी,,से..
कभी बहुत बाते किया करते थे हमसे _ अब खैरियत तक पूछा नहीं करते,,,
_ या तुम्हें लेकर मेरा नज़रिया ज़्यादा अच्छा है..
_ राहगीर रास्ते की परवाह नहीं करता _ वैसे ही तुम भी अपनी मंजिल की परवाह मत करो..