मस्त विचार 3375
_ इंसान को समझने में अब इंसान असमर्थ है !
_ इंसान को समझने में अब इंसान असमर्थ है !
लेकिन पता सब है … कि कौन कितने पानी में है …
यदि हम थोड़ा इंतज़ार कर लें तो वह फिर से हरी हो जाती है.
धैर्य रखें, थोड़ा इंतज़ार करें, आने वाला कल निश्चित ही अच्छा होगा.
_ आपके मुस्कुराने से सामने वाले का आधा दुख तो दूर हो जायेगा.
_ यकीन मानिये आप खुशकिस्मत और भाग्यशाली हैं..!
_ वो आपका क्या भला करेंगे जब तक आप उन्हें उपयोग में नहीं लाते..
_ तब तक न दिल बदलेगा न दौर बदलेगा..!!
जिंदगी में ज़िंदा होने का गुमान, बना रहता है.
_ जिसे कुछ नहीं मिलता उसे तू ख़ूब मिलता है..!!
_ कोई गलती करता ही नहीं मेरे सिवा !!