मस्त विचार 3266
कि पूरी उम्र ही गांठ बांधने में गुजर जाती है.
कि पूरी उम्र ही गांठ बांधने में गुजर जाती है.
_ कारनामे हैसियत बनाते हैं !!
_ तो वह पूर्ण सफलता प्राप्त करने में कभी विफल नहीं होगा.
जब तक आप अपने भीतर प्रकाश के स्रोत को महसूस नहीं करेंगे, तब तक आप उस प्रकाश को और कहीं नहीं देख पाएंगे, _ पहले इसे स्वयं के भीतर अनुभव करना होगा, फिर यह हर जगह पाया जाता है ~ ओशो
_ जब तक तय की हुई जगह पर पहुँच न जाओ !!
“बस हक़ और सच बोलें” बेशुमार दुश्मन आपको अपने खानदान में ही मिल जायेंगे.
_ पर मन को निखारा तो _ ” जीवन ही खूबसूरत हो गया “
_ ज़िन्दगी की मुश्किलों का, सामना करने की ताकत मिले _ “जिंदगी न मिलेगी दुबारा”