सुविचार 3161
कभी- कभार परिवार के साथ कैंडल लाइट डिनर का आनंद लें. बेहतर फील होगा.
कभी- कभार परिवार के साथ कैंडल लाइट डिनर का आनंद लें. बेहतर फील होगा.
आप सही, मैं गलत, बात खत्म…
_ जागना इस तरह चाहिए कि जैसे यह दुनिया में पहली सुबह हो ..
_ पर कमबख्त पूरी सड़क ही सीधी निकली !!
ज़िन्दगी कहीं से भी अचानक अच्छा मोड़ ले सकती है..
ख्वाइशें सूखती रही और पलकें भीगती रही.
खुद को बस खुद समझता हूं.
व्यक्ति स्वयं ही स्वयं का मित्र है, स्वयं का शत्रु है, अपने मन से निराशा का भाव हटाकर अपने मन को खुद उठाए, शक्तिशाली बनना चाहते हैं तो मन को मित्र बनाऐं.
_ क्या आपने कभी महसूस किया है कि हम कभी कभी बेफिजूल के दुखी रहते हैं ?
एक सकारात्मक दृष्टिकोण बहुत आभार लाता है ! सकारात्मक सोचें, सकारात्मक रहें, सकारात्मक बोलें और सकारात्मक रहें _ इसे हर दिन करें और बड़ा करें.