मस्त विचार 2724
एक कोशिश तुझ को भूल जाने की,
और फिर तेरा बेहिसाब याद आना….
और फिर तेरा बेहिसाब याद आना….
इसलिए हमें कुछ भी करने से पहले उसकी चर्चा नही करनी चाहिए.
पैसा भयानक स्वामी है लेकिन एक उत्कृष्ट सेवक है.
कोई न कोई होता ही है.
पर वो हमारे जीवन में नहीं होता है.
उसे कभी दिमाग से जवाब मत देना.
चाहे आप कितने भी बड़े शतरंज के खिलाड़ी क्यों न हों.
“अधूरी और बेकार.!!”
मर्जी आपकी ; आप वापस क्या पाना चाहते हैं.
_ और हमें नये काम के लिए प्रेरित करता है..
मैं तेरा रोज का ग्राहक हूँ….
क्योंकि जब वो बदलता है, तो उससे ज्यादा गुस्सा खुद पर आता है.