सुविचार 2765
सही मायनों में अपने जीवन का सदुपयोग कर पाता है.
सही मायनों में अपने जीवन का सदुपयोग कर पाता है.
मुद्दत के बाद अपनी खबर चाहता हूँ मैं…
_ आसान नहीं होता है, _ घर का खर्चा चला पाना।।
बात पता लग जाए तो उछालते हैं लोग,
बताना मत किसी को अपने घर का हाल ऐ यार,
अक्सर मौके का फायदा उठा लेते हैं लोग..
ये बात और है के मुझे ये साबित करना नहीं आया..
वरना सन्नाटे भी आवाज़ दिया करते हैं.
यह एक गहनतम तथ्य है कि हम जीवन में जितना झुकेंगे उतने ही जीवंत हो सकेंगे.
रिश्तों में माधुर्य तभी रह सकता है जब हम अपने अहम को परे रख कर ग़लती स्वीकारें और माफी माँगें.
आराम की अधिकता अपने आप में एक दर्द है.
तुम सामने भी होंगे और हमें नज़रे झुकानी होगी…..