मस्त विचार 2567
मिलावट का दौर है साहिब…
“हां में हां” मिला दिया करो…”संबंध” लम्बे समय तक टिकेंगे..
“हां में हां” मिला दिया करो…”संबंध” लम्बे समय तक टिकेंगे..
_ समझदार वही है जो उस बात की तह तक खुद जाता है…
पहले मिलता नहीं था, अब गुजरता नहीं है..
एक – साथ आना एक शुरूआत है ; एक साथ रहना प्रगति है; एक साथ काम करना सफलता है.
तो सारा विश्व शान्तिमय प्रतीत होता है.
तेरी एक झलक ही काफी है, मेरे ठीक हो जाने के लिये.
कभी- कभी गुच्छे की आखिरी चाबी ताला खोल देती है.
देखा ये भी जाता है की पुकारा किसने है.