मस्त विचार 2299

जब चादर से पैर बाहर निकलने लगे तो, _ घरबार बर्बाद होने में ज़्यादा समय नहीं लगता है !

जब हम अपनी महत्वक्षानुसार कर्म ( सफल होने के लिए परिश्रम ) नहीं करते तो बर्बाद होना तो निश्चित है !

हादसे उनके करीब आकर पलट जाते रहे,

अपनी चादर देखकर जो पाँव फैलाते रहे.

सुविचार 2424

जब तक आप चुप रहते हैं लोग बेवकूफ बनाते हैं,

जब जवाब देते हैं तो बुरा बनाते हैं.

सुविचार 2423

जिसको जो कहना है कहने दो अपना क्या जाता है,

ये वक़्त- वक़्त की बात है और वक़्त तो सबका आता है.

सुविचार 2422

बेइज्जती का जबाब इतनी इज्जत से दो

कि सामने वाला खुद ही अपनी नजरों में गिर जाये.

सुविचार 2421

अगर आप सूर्य की तरह चमकना चाहते हैं,

तो पहले आपको सूर्य की तरह जलना भी होगा…

मस्त विचार 2296

खुशी हो या गम, बस मुस्कुराना चाह्ता हूं, मैं..

दोस्तॊं से दोस्ती तो हर कोई निभाता है..

दुश्मनों को भी अपना दोस्त बनाना चाहता हूं, मैं..

Collection of Thought 653

Everything in life that we really accept undergoes a change. So suffering must become Love. That is the mystery.

जीवन में जो कुछ भी हम वास्तव में स्वीकार करते हैं वह एक परिवर्तन से गुजरता है,_ तो दुख प्रेम बन जाना चाहिए,_ यही रहस्य है.

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