मस्त विचार 1724
किसी का कटता नहीं और किसी के पास होता नहीं.
किसी का कटता नहीं और किसी के पास होता नहीं.
इस सबको सकारात्मक दृष्टिकोण कहा जाता है ;
जीवन का ऐसा कोई बड़े से बड़ा दुःख नहीं जिससे सुख की परछाईयों को ना देखा जा सके,
जिन्दगी की ऐसी कोई बाधा नहीं जिससे कुछ प्रेरणा ना ली जा सके.
उसी तरह हमारे पास अच्छी बातें कितनी ही क्यूँ ना हों पर पहचान तो सिर्फ अच्छे कर्मों से ही होती है.
कुछ लोग तो दूसरों की खुशियाँ देखकर भी बीमार हो जाते हैं.
वक़्त जरूर तकलीफ का है लेकिन कटेगा मुस्कुराने से ही.
‘गलत’ उन अवधारणाओं में से एक है जो गवाहों पर निर्भर करती है.
और दूसरों का अहित करने वाला अपना अहित कर लेता है.