Collection of Thought 506
Happiness is nothing more than good health and a bad memory.
“सब्र” करने से “खत्म” हो जाती हैं, और मालिक का “शुक्र” करने से “खुशियों” मे बदल जाती है.
जिनमें शामिल हों अपनों की मेहरबानियां.
तब से जिंदगी ने परीक्षा लेना शुरु कर दिया है.
कर जो लिया था मशवरा, इक रोज़ अपनों के साथ.
The person, who enjoys and stays happy despite having less, knows how to live life.
और पैसे की जुबान बोलो तो आ कर घेर लेते हैं.
मैंने कड़ी मेहनत से कड़ी मेहनत का मूल्य सीखा.
I learned the value of hard work by working hard.