Collection of Thought 217
Justice cannot be for one side alone, but must be for both.
न्याय अकेले एक पक्ष के लिए नहीं हो सकता, बल्कि दोनों के लिए होना चाहिए.
न्याय अकेले एक पक्ष के लिए नहीं हो सकता, बल्कि दोनों के लिए होना चाहिए.
रास्ता खुद ब खुद दिखाती है !!!
मैंने अपने जीवन में कभी एक दिन का काम नहीं किया, _ यह सब मजेदार था.
चेहरा दिखाओ तो…लोग बुरा मानते हैं..
“मुझे माँगने का सलीका नहीं है, पर
तू देने की हर अदा जानता है” !!
यह न तो धन है और न ही वैभव, बल्कि शांति और पेशा है जो खुशी देता है.
ऐसा न हो कोई बुराई निकल आए….
जो बुरा लगता है, उसे गौर से देखो….
मुमकिन है अच्छाई नजर आ जाए…..