मस्त विचार 985

पा कर ख़ुशी बहक जाते हैं हम,

पा कर गम भी मुस्कुराते हैं हम,

जब भी याद आती है आप की,

ज़माने को क्या खुद को भी भूल जाते हैं हम.

मस्त विचार 984

जो झुकते हैं ज़िन्दगी में वो बुज़दिल नही होते,

यह हुनर होता हैं उनका हर रिश्ता निभाने का..

खटकते हैं उनको _ जहां हम झुकते नहीं !

बाकी जिनको अच्छे लगते हैं _ वो कहीं झुकने भी नहीं देते !!

सुविचार – सब जी रहे हैं – 1071

” सब जी रहे हैं “

जिसको जैसे समझ आ रहा है, _ वह वैसे जी रहा है.
कोई मछली को खाना खिला रहा है, _
_ कोई मछली को खा रहा है।
कोई किसी की जान बचा रहा है, _
_ कोई किसी की जान ले रहा है।
जिसको जैसे समझ आ रहा है, _ जी रहा है.
कोई देश के लिए जान दे रहा है, _
_ कोई देश बेच रहा है.
पर यह किसी को समझ नहीं आ रहा है, _ कि वह सही कर रहा है या ग़लत कर रहा है.
पता है कि मैं गलत कर रहा हूं, _ फिर भी उसे सही साबित कर रहा है.
इसलिए जिसको जैसे समझ आ रहा है, _ जी रहा है.
शायद रब ने दुनिया ही ऐसी बनाई कि तुम कभी सही ग़लत का भेद कर ही नहीं पाओगे.
आपस मे ही लड़ कर मर जाओगे.
मेरी इस सुंदर रचना का रसपान नहीं कर पाओगे.
कुछ ही फरिस्ते होगें.
वहीं समझ पाएंगे और रब की सृष्टि का रसपान कर पाएंगे.
बाकी रोते आए हैं रोते ही चले जाएंगे.

Collection of Thought 140

The most difficult thing is the decision to act, the rest is merely tenacity.

सबसे कठिन काम है कर्म करने का निर्णय, बाकी है केवल तप.

मस्त विचार 983

जिन्दगी एक पल हैँ, जिसमें न आज है न कल हैं,

जी लो इसको इस तरह,

कि जो भी आपसे मिले वो यही कहें,

बस यही “मेरी” जिन्दगी का सबसे हसीन पल हैं!

सुविचार 1070

इंसान तब समझदार नहीं होता जब वो बड़ी- बड़ी बातें करने लगे, बल्कि समझदार तब होता है जब वो छोटी- छोटी बातें समझने लगे.

Collection of Thought 139

Life isn’t about finding yourself.

Life is about creating yourself.

जीवन खुद को खोजने के बारे में नहीं है,

जिंदगी से तात्पर्य अपने आप को बनाना होता है.

सुविचार – खुश रहकर गुजारो, तो मस्त है जिदंगी – 1069

खुश रहकर गुजारो, तो मस्त है जिदंगी,

दुखी रहकर गुजारो, तो त्रस्त है जिंदगी !
तुलना में गुजारो, तो पस्त है जिंदगी !
इतंजार में गुजारो, तो सुस्त है जिंदगी !
सीखने में गुजारो, तो किताब है जिंदगी !
दिखावे में गुजारो, तो बर्बाद है जिदंगी !
मिलती है एक बार, प्यार से बिताओ जिदंगी !
जन्म तो रोज होते हैं, यादगार बनाओ जिंदगी !
यह याद रखना महत्वपूर्ण है कि.. ‘आपको हमेशा खुश रहने का रहस्य पता लगाना होगा.’

_ ख़ुश रहने के लिए आपके पास बड़ी मात्रा में मूल्यवान सामग्री होना ज़रूरी नहीं है.
_ जो सामग्री और वस्तुएँ हम एकत्रित करते हैं, वे आनंद नहीं लातीं.
_ हमारे मन की किसी गलत धारणा के कारण संसार की वस्तुएँ आनन्द लाने वाली प्रतीत होती हैं.
_ दुनिया में ये वस्तुएँ मन को इस तरह उत्तेजित करती हैं कि.. कुछ समय के लिए यह महसूस होता है कि.. उसे वह मिल गया है.. जो वह चाहता है.
_ संसार की वस्तुएँ मन को भीतर से तृप्त करती हुई प्रतीत होती हैं.
_ यह वैसा ही है, ..जैसे चोर-डकैत आपके साथ सहयोग कर रहे हों और बार-बार आपसे कह रहे हों कि वे आपके साथ हैं,
_ कि वे आपकी सेवा में हैं, लेकिन उनके पीछे की मंशा अलग है.
_ यह प्रत्येक व्यक्ति पर छोड़ दिया गया है कि.. वह कैसे खुश रह सकता है.
_ यदि आप दुखी हैं तो.. आपको उस कारण का पता लगाना चाहिए.. कि आप दुखी क्यों हैं.
_ हम हमेशा यही शिकायत करते रहते हैं कि दुनिया खराब है, लोग अच्छे नहीं हैं, सब कुछ अस्त-व्यस्त है और इस संसार में कुछ भी मूल्यवान नहीं है.
_ लेकिन आप भी उसी दुनिया का एक हिस्सा हैं,
_ इसलिए जब आप दुनिया के लोगों का आलोचनात्मक मूल्यांकन करते हैं,
_ तो आप स्वचालित रूप से इस निर्णय में खुद को शामिल कर रहे हैं,
_ क्योंकि आप भी लोगों में से एक हैं.
error: Content is protected