सुविचार 4806
बिना सच्चाई जाने किसी दूसरे की बातों में आकर किसी से संबंध खराब करना मूर्खों के लछण होते हैं.
ज़िंदगी भर ये तकरार किसके लिए।
जो भी आया है वो जायेगा एक दिन,
फिर ये इतना अहंकार किसके लिए॥
हद से ज्यादा समझदारी ,,,,, जीवन को नीरस कर देती है.
” किसी दूसरे को नुकसान न पहुंचे “
जो चला गया वो थोड़े लौट आयेगा..
कर भला तो हो भला और कर बुरा तो हो बुरा..
अपनी समस्याओं को पहचानें, लेकिन समाधान के लिए अपनी शक्ति और ऊर्जा दें..
पैर अक्सर किनारों पे ही फिसला करते हैं.