सुविचार 4988
समाज एक ऐसा बाजार है , जहां सलाह थोक मेँ और सहयोग ब्याज पर उपलब्ध है.
यदि आपका एकमात्र उपकरण हथौड़ा है, तो आप हर समस्या को कील के रूप में देखेंगे.
जो जैसा दीखता हो __ वैसा ही हो !!
_ कोई बदल जाता है तो कोई बदल देता है _ ” बस….चुनाव अपना अपना है ”
_ कौन रहना पसंद करता है _ टपकते हुए मकानों मेँ..
_ इतना संभाल कर मुस्कुराते हैं हम..
एक अमीर व्यक्ति भी अपने जीवन को साधारण कहता है तो वहीं एक माध्यम वर्ग का व्यक्ति भी अपने जीवन को साधारण कहता है.
_ तेरे दर्द से, मुझे भी दर्द होता है !