Collection of Thought 120

Money is a precious commodity; Just because you have it, it doesn’t mean that you waste it.

पैसा एक कीमती वस्तु है; सिर्फ इसलिए कि आपके पास है, इसका मतलब यह नहीं है कि आप इसे बर्बाद कर दें.

मस्त विचार 840

हँस कर कबूल क्या कर ली कुछ सजाए हमने.

जमाने का तो दस्तूर बन गया है, हर इल्जाम हम पर लगाने का.

सुविचार 952

सिर्फ हवा में बातें करने वाले या कोरी गपबाजी करने वालों का प्रभाव ज्यादा समय तक नहीं टिक पाता और एक दिन लोग उनकी बातों को सुनना ही छोड़ देते हैं. यदि आप अपने साथ ऐसा नहीं होने देना चाहते तो जो भी कहें. पहले उस की सत्यता परख लें.

सुविचार 951

जब हम अपनी योग्यता जान लेते हैं, तो दूसरों को भी वैसी दृष्टि दे सकते हैं. बहुत से व्यक्ति जितना वह सोचते थे, उससे कहीं आगे बढ़ गए, क्योंकि उन्हें कोई ऎसा मिल गया, जो सोचता था कि वे इससे भी आगे जा सकते हैं .

सुविचार 950

किसी की सादगी से उसकी छमताओं का पूर्ण आकलन न करें.
हमें सामने वाले व्यक्ति का कम आकलन कर अपनी छमताओं एवं अधिकार के घमण्ड से भर कर निर्णय लेने से बचना चाहिए.

मस्त विचार 839

उधार देने वाला उस आदमी की तरह है जो आप को उस वक़्त तो छाता देता है जब सूरज चमकता है, लेकिन पानी बरसते ही वह उसे वापस मांगने लगता है.

मस्त विचार 838

जब ज़िंदगी तुम्हें कोई नया मौका दे, _

_ तो पुरानी गलतियों को दोहराने की गलती कभी मत करना !!

मस्त विचार 837

जाने क्या मुझसे ज़माना चाहता है…

मेरा दिल तोड़कर मुझे ही हसाना चाहता है….

जाने क्या बात झलकती है मेरे इस चेहरे से……

हर शख्स मुझे आज़माना चाहता है……

Quotes by मार्टिन लूथर किंग

*”अगर तुम उड़ नहीं सकते तो, दौड़ो ! अगर तुम दौड़ नहीं सकते तो, चलो !*

*अगर तुम चल नहीं सकते तो, रेंगो !*

*पर आगे बढ़ते रहो”*

अपनी सोच ओर दिशा बदलो,

सफलता आपका स्वागत करेंगी…

रास्ते पर कंकड़ ही कंकड़ हो तो भी एक अच्छा जूता पहनकर उस पर चला जा सकता है।

लेकिन यदि एक अच्छे जूते के अंदर एक भी कंकड़ हो तो एक अच्छी सड़क पर भी कुछ कदम भी चलना मुश्किल है।

यानी – *”बाहर की चुनौतियों से नहीं*

*हम अपनी अंदर की कमजोरियों* *से हारते हैं”*….

_हमारे विचार ही हमारा भविष्य तय करते हैं..!

हमें सीमित निराशा को स्वीकार करना चाहिए लेकिन असीमित आशा को कभी नहीं छोड़ना चाहिए !
हमारे जीवन के अंत की शुरुआत उसी दिन से हो जाती है, जब हम गंभीर मुद्दों पर चुप्पी साध लेते हैं.
जो बुराई को बिना उस का विरोध किए स्वीकार कर लेता है वास्तव में उस में सहयोगी होता है.
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