सुविचार 1903

किसीको *गलत* समझने से पहले एक बार, उसके *हालात* समझने की कोशिश जरुर करो,

…हम *सही* हो सकते हैं…लेकिन मात्र हमारे सही होने से , *सामने वाला गलत* नही हो सकता…!!!

सुविचार 1902

“संकल्प और समर्पण” दो जुड़े हुए कमरो के समान है जिसमे बीच मे एक मात्र द्वार है …..

क्यूँकि बिना “समर्पण” के संकल्प नहीं हो सकता और न ही बिना “संकल्प” के समर्पण …

सुविचार 1901

जो कुछ भी इंसान को हो सकता है उसमे बुढ़ापा सबसे अचानक होने वाली चीज है.

सुविचार 1900

धोखा खाने वालों को तो वक़्त गुजरने पर ….सुकून मिल ही जाता है..!

मगर धोखा देने वालों को सुकून नहीं मिलता.

सुविचार 1899

एक अच्छा नेक इंसान अपनी ताकत, अपनी बुद्धि, अपने प्रभाव तथा अपने धन का प्रयोग गिरे हुए इंसान को उठाने मे करता है कभी भी किसी को गिराने में नहीं.
error: Content is protected