मस्त विचार 4346
“अब जान गया कि मैं कहीं और का मुसाफ़िर था…,
_ आपका घर तो सिर्फ़ रास्ते में आया था”
_ आपका घर तो सिर्फ़ रास्ते में आया था”
_ ऐसे लोगों से दूर रहने में ही आपकी भलाई है.!!
तो आप कभी वास्तविकता को नहीं जान पाएंगे.
वरना ! उदासी उन्हें भर देती हैं..
” बुरे दिन आपको अच्छे दिनों के लिए काम करने के लिए प्रेरित करते हैं “
दर्द कोई भी दे, पर याद तेरी ही आती है..!!
जायदाद तो खैरात में भी मिल जाती है.
_ समय बीतेगा, लोग बदलेंगे…कभी न कभी तो पकड़ा जाऊँगा….!!!
चिरागो को जलाने में जला ली उंगलियां हमने.