Collection of Thought 659
बिना पछतावे के अपने अतीत को स्वीकार करें,_ अपने वर्तमान को आत्मविश्वास से संभालें,_ बिना किसी डर के अपने भविष्य का सामना करें.
बिना पछतावे के अपने अतीत को स्वीकार करें,_ अपने वर्तमान को आत्मविश्वास से संभालें,_ बिना किसी डर के अपने भविष्य का सामना करें.
_ इसका अर्थ है कि आपने कमियों के परे देखना शुरू कर दिया है..
उतना ही सुरक्षित महसूस करता हूँ.
इन दोनों में से एक भी चीज अधिक हो जाए, तो जीवन का आनंद खत्म हो जाता है.
अपने पैरों से उड़ने का हुनर भूल जाओगे.
और हम भरोसा कर के गुनेहगार हो गए.
बिन ज़रुरत तो हीरे भी, तिजोरी में रखे रहते हैं.
A person who does not accept defeat at any cost, will be successful one day.
और किसी से इतना प्रेम ना करना कि कभी अकेले जीना पड़े तो जी ना सको.
पर हमारे काम से हमारी बातें जरूर होती हैं…