सुविचार 2092
कविता वह सुरंग है, जिसमें से गुजर कर मनुष्य एक विश्व को छोड़ कर दूसरे विश्व में प्रवेश करता है.
कविता वह सुरंग है, जिसमें से गुजर कर मनुष्य एक विश्व को छोड़ कर दूसरे विश्व में प्रवेश करता है.
और कुछ लोग जहाँ जातें है उस जगह को ही अच्छी जगह बना देते हैं…..
ईमान की खाओ सदा, फल इसका सड़ा नही होता.
कर ले मेहनत सदा, खजाना गड़ा नही होता.
कर भरोसा स्वयं पर, हर राह में रोड़ा नही होता
जब वक्त बदलेगा तो हर तरफ होगा शोर मेरा.
किसी की आँख में हम को भी इंतजार दिखे.
_यूँ चुप से क्यूँ हो ..अजी कुछ तो बोलिए..
कोई फर्क नहीं पड़ता कि आप कौन हैं और आपके जीवन में क्या होता है, आपके पास अभी भी अपने जीवन को बदलने और महान बनने का मौका है.