मस्त विचार 886
अब आदी हो चुके हैं तेरी यादों का नशा करते-करते ……!!
अब आदी हो चुके हैं तेरी यादों का नशा करते-करते ……!!
ना जाने क्यूँ फिर भी लोग जीना तुझी को कहतें हैं.
अंतर्मुखी लोगों की तीन विशेषताएं होती है. —
🌟 *2.* प्रतिदिन कम से कम 10 मिनट चुप रहकर बैठें.
🌟 *3.* पिछले साल की तुलना में इस साल ज्यादा पुस्तकें पढ़ें.
🌟 *4.* 70 साल की उम्र से अधिक आयु के बुजुर्गों और 6 साल से कम आयु के बच्चों के साथ भी कुछ समय व्यतीत करें.
🌟 *5.* प्रतिदिन खूब पानी पियें.
🌟 *6.* प्रतिदिन कम से कम तीन बार ये सोचे की मैने आज कुछ गलत तो नही किया.
🌟 *7.* गपशप पर अपनी कीमती ऊर्जा बर्बाद न करें.
🌟 *8.* अतीत के मुद्दों को भूल जायें, अतीत की गलतियों को अपने जीवनसाथी को याद न दिलायें.
🌟 *9.* एहसास कीजिये कि जीवन एक स्कूल है और आप यहां सीखने के लिये आये हैं. जो समस्याएं आप यहाँ देखते हैं, वे पाठ्यक्रम का हिस्सा हैं.
🌟 *10.* एक राजा की तरह नाश्ता, एक राजकुमार की तरह दोपहर का भोजन और एक भिखारी की तरह रात का खाना खायें.
दूरदर्शी व्यक्ति हमेशा मौन की शक्ति धारण कर सकता है.
जवाब आसान और सवाल मुश्किल करता है…
किसी के दुख और तकलीफ को महसूस करके खुद, जिसकी आँख भर आए उसे “इंसान” कहते हैं.
हुकूमत बाजुओं के ज़ोर पर तो कोई भी कर ले, जो सबके दिल पे छा जाए उसे “इंसान” कहते हैं.
वैर की आग से जलती हुई नफरत की खेती पर, सुकून ओ चैन बरसाए उसे “इंसान” कहते हैं.
सिकंदर भी खाली हाथ ही जाते हैं दुनिया से, जो कुछ नेकी कमा जाए उसे “इंसान” कहते हैं.
राह ए जिंदगी में जब सहारे छूट जाएं सब, कभी जो ना डगमगाए उसे “इंसान” कहते हैं.
उलझन रोज़ आएगी है जब तक जिंदगी अपनी, जो हर मसले को सुलझाए उसे “इंसान” कहते हैं.
हर मुश्किल के पत्थर को बना कर सीढ़ियाँ अपनी, जो मंज़िल पर पहुंच जाए उसे “इंसान” कहते हैं.
..यह तो बस मानव जीवन की कहानी है..!!