| May 16, 2015 | मस्त विचार
जिन्दगी अंधे भिखारी का कटोरा है…
लोग खुशियाँ डालते कम, उठाते ज्यादा है…
| May 15, 2015 | मस्त विचार
नज़र चाहती है दीदार करना, दिल चाहता है प्यार करना,
क्या बताएं इस दिलका आलम, नसीब मैं लिखा है इंतज़ार करना..
| May 14, 2015 | मस्त विचार
ये तुझे भी पता है कि मुझे भी पता है.
ये मुझे भी पता है कि तुझे क्या पता है.
तेरे पते को और मेरे पते को,
ये भी पता है कि क्या क्या पता है.
| May 14, 2015 | मस्त विचार
समस्या” के बारे में सोचने से, बहाने मिलते हैं,
“समाधान” के बारे में सोचने पर रास्ते मिलते हैं…
| May 13, 2015 | मस्त विचार
अच्छे शब्दों को ध्यानपूर्वक सुनें, चाहे वे थोड़े- से ही क्यों न हों.
क्योंकि वे थोड़े- से ही शब्द आपकी शान में मुनासिब तरक्की करेंगे.
| May 12, 2015 | मस्त विचार
बहुत देखा जिन्दगी में समझदार बनकर !
पर खुशी हमेशा पागल बनने पर ही मिली है!!
| May 12, 2015 | मस्त विचार
ना ख़ुशी खरीद पाता हूँ, ना ही गम बेच पाता हूँ.
फिर भी ना जाने, क्यूँ हर रोज कमाने जाता हूँ .