सुविचार 2488
यदि आपके पास ज़रुरत से ज्यादा है, तो उनके साथ शेयर करें
जिनको उसकी ज्यादा ज़रुरत है.
जिनको उसकी ज्यादा ज़रुरत है.
कि जल जाओ कड़ी धुप में मगर,
अपनों से कभी साया- ए- दीवार न मांगों…
अब तो लोग अपने धब्बों पे गरूर करने लगे हैं.
आप अपने ज्ञान के अनुसार ही दूसरों को आंक सकते हैं..!!
लेकिन, फिर भी उनसे अपनों वाली खुशबू आती है.
अपनी असफलता की वज़ह से हूँ.
वो क्या चाहता है उसे करो.
वो ऐसा वार करते हैं कि पैरों तले जमीन खिसक जाती है.
क्या आपको खुद की नज़र से उठाना है ??